3/14/2009

वाह पत्रकारिता : दैनिक जागरण वाले नाम से जानते है चेहरे से नही


कभी कभी हमारे और आपके साथ एक वाक्‍य घटता है कि जब है कहते है कि चेहरा तो याद आ रहा है किन्‍तु नाम भूल रहा है किन्‍तु दैनिक जागरण वालों के साथ इसके उलट हुआ। वे नाम तो जानते थे किन्‍तु चेहरा भूल गये। जया तो रह गई किन्‍तु पर्दा गिरा कर बच्‍चन की तस्‍वीर लगा दिया। :) तो भइया सब लोग मिलकर बोलो - वाह! मीडिया वाह!

3 comments:

संगीता पुरी said...

बोल दिया ... वाह! मीडिया वाह!

काजल कुमार Kajal Kumar said...

बेचारे बहुत बिज़ी लोग हैं...कोई बात नहीं..जब पत्रकारिता करने लगेंगे तो ठीक फोटो जंचाना सीख जायेंगे.

राज भाटिय़ा said...

धन दे कर वोट, यानि इन्हे भी बाद मै नोट कमाने है अपनी ओलाद के लिये देश जाये भाड मै ......